अपराधगलत वाउचर का इस्तेमाल कर सिरसा में कैशियर ने खाते से उड़ाए 16 लाख रूपये, विभाग ने किया सस्पेंड
अपराध बड़ी खबरेंसिरसा खबर
गलत वाउचर का इस्तेमाल कर सिरसा में कैशियर ने खाते से उड़ाए 16 लाख रूपये, विभाग ने किया सस्पेंड
सिरसा निवासी के बैंक खाते से उड़ाए सवा दो लाख रुपये गूगल पे का कोड जानकर
सिरसा के गांव दड़बी (dadbi) में बैंक के कैशियर द्वारा लाखों रूपये के धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। वहीं मिल रही जानकारी के अनुसार धोखाधड़ी के बाद सर्व हरियाणा ग्रामीण सहकारी बैंक ( Sarv Haryana Grameen Bank) का कैशियर अभी फरार हो गया है। वहीं मामले की जांच को लेकर पंचकुला (panchkula) से एक टीम गांव में के बैंक में जांच के लिए पहुंची है।
बताया जा रहा है कि अभी तक एक किसान की शिकायत आई है जिसके साथ करीब 16 लाख रूपये का घपला किया गया है। अधिकारियों ने अब बैंक की सीसीटीवी कैमरों की जांच करनी शुरू कर दी है। वहीं मुख्यालय के आदेश पर बैंक के पूरे स्टाफ को बदल दिया है।
आज जैसे ही गांव के लोगों के बैंक में हो रहे घोटाले को लेकर सूचना मिली तो पूरा गांव बैंक में जमा होने लगा। क्योंकि सभी किसान अपना खाता जांचने के बाद संतुष्ट होना चाहते हैं कि कहीं उनके साथ भी तो धोखाधड़ी नहीं हुई है। गांव के एक पीड़ित किसान ने बताया कि वह कुछ दिन पहले ग्रामीण सहकारी बैंक से 45 हजार रूपये लेकर गया था।
जिसका उसने अपनी पांच कनाल जमीन पर लोन करवाया था। लेकिन बीते दिन बैंक के अधिकारियों का उसका फोन आता है कि उसने अपने खाते से 16 लाख रूपये निकाले हैं। जिस पर किसान ने साफ मना कर दिया। बैंक अधिकारियों ने किसान को बैंक में बुलाया। जहां किसान ने बताया कि उसके पास केवल पांच कनाल जमीन है जिसके उसे केवल 45 हजार रूपये मिले हैं।
जिस पर बैंक अधिकारियों को किसानों के साथ हुई धोखाधड़ी का पता लगा और पूरे मामले की जानकारी मुख्यालय को दी गई। वहीं बैंक के उच्च अधिकारियों ने सिरसा पुलिस थाने में भी इसकी शिकायत दर्ज करवा दी। मुख्यालय को पूरी जानकारी मिलने के बाद एक टीम सिरसा के गांव दड़बी के लिए रवाना हो गई। टीम ने आते ही किसान को बुलाया और देखा तो उसके खाते से 16 लाख रूपये की निकासी हुई थी।
वहीं पूरे मामले में बैंक अधिकारी कैशियर पर आरोप लगा रहे हैं कि उसने किसानों के साथ धोखाधड़ी करके उनके खातों से पैसे निकाले हैं। वहीं बैंक के अधिकारियों ने किसानों को आश्वासन दिया है कि उनको किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। बैंक उसकी भरपाई दोषी से करेगा।
एक रिपोर्ट की माने तो बैंक में धोखाधड़ी होने से ठीक एक दिन पहले सीसीटीवी कैमरे खराब हो जाते हैं। जिसकी शिकायत मुख्यालय को दी जाती है। जिसके बीच एक दिन में पूरा प्लान तैयार कर धोखाधड़ी का पूरा खेल रचा गया। और अगले ही दिन बैंक के कैमरे ठीक हो जाते हैं। किसानों का कहना है कि जब वह पैसे निकालने जाते थे तो उस समय कैशियर वाउचर को गलत बताकर फैंकवा देता था और दूसरा भरवाता था। जिसके बाद वह उसका प्रयोग कर लेता था।
वहीं पूरे मामले को लेकर मुख्यालय से आई टीम के अधिकारियों का कहना है कि जो भी दोषी है उसने अधिकारियों तक का काम अकेले कर पूरा घोटाला किया है। वहीं इस मामले में कैशियर को जांच के दौरान सस्पेंड कर दिया






No comments:
Post a Comment