पुलिस अधीक्षक शामली श्री एन.पी. सिंह के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुमित शुक्ला के मार्गदर्शन में जनपद भर में साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में 12 जून 2026 को थाना आदर्शमंडी पुलिस टीम ने शामली रेलवे स्टेशन परिसर में विशेष साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।
कार्यक्रम के दौरान रेलवे स्टेशन पर मौजूद यात्रियों, स्थानीय नागरिकों और युवाओं को साइबर अपराधों के बदलते स्वरूप के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान समय में ऑनलाइन ठगी, फिशिंग, सोशल मीडिया फ्रॉड, फर्जी निवेश योजनाएं, डिजिटल अरेस्ट, फेक कस्टमर केयर नंबर और ओटीपी धोखाधड़ी जैसी घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे अपराधों से बचने के लिए प्रत्येक नागरिक को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
पुलिस टीम ने लोगों को समझाया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ अपने बैंक खाते की जानकारी, एटीएम कार्ड नंबर, ओटीपी, यूपीआई पिन अथवा अन्य गोपनीय जानकारी साझा न करें। इसके अलावा किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने या अनजान मोबाइल एप्लिकेशन डाउनलोड करने से बचने की सलाह दी गई।
सोशल मीडिया के बढ़ते उपयोग को देखते हुए नागरिकों को अपने अकाउंट्स की सुरक्षा मजबूत करने के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) का उपयोग करने की भी सलाह दी गई। अधिकारियों ने कहा कि साइबर अपराधी अक्सर लॉटरी, नौकरी, निवेश या सरकारी योजनाओं के नाम पर लोगों को झांसा देकर ठगी का शिकार बनाते हैं। इसलिए किसी भी आकर्षक ऑफर या अचानक आने वाली कॉल पर तुरंत भरोसा नहीं करना चाहिए।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों को यह भी बताया गया कि यदि किसी व्यक्ति के साथ साइबर अपराध की घटना होती है तो वह बिना समय गंवाए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करे या साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराए। समय रहते शिकायत करने से धनराशि की रिकवरी और अपराधियों तक पहुंचने की संभावना बढ़ जाती है।
शामली पुलिस का यह प्रयास केवल जागरूकता तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य नागरिकों में सुरक्षित डिजिटल व्यवहार की आदत विकसित करना भी है। पुलिस अधिकारियों ने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे स्वयं जागरूक रहें और अपने परिवार, मित्रों तथा आसपास के लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति सचेत करें।
डिजिटल दुनिया में सुरक्षा केवल तकनीक से नहीं बल्कि जागरूकता से भी सुनिश्चित होती है। साइबर अपराधियों के तौर-तरीके लगातार बदल रहे हैं, इसलिए प्रत्येक नागरिक का सतर्क और जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार ही सुरक्षित भविष्य की आधारशिला बन सकता है।शामली पुलिस द्वारा चलाया जा रहा यह विशेष साइबर जागरूकता अभियान आने वाले समय में भी निरंतर जारी रहेगा, जिससे अधिक से अधिक लोगों को साइबर अपराधों से सुरक्षित रहने की जानकारी मिल सके।
रिपोर्ट: सुरेन्द्र सिंह निर्वाल
स्थान: शामली, उत्तर प्रदेश
विशेष संवाददाता, सलाम खाकी