Advertisement

शामली धर्मांतरण प्रकरण: पुलिस ने एक और आरोपी को किया गिरफ्तार, निकाहनामे की जांच जारी, आयुष मलिक और चांदनी कुरैशी से जुड़े चर्चित मामले में पुलिस की कार्रवाई तेज, फरार आरोपियों की तलाश जारी

शामली। उत्तर प्रदेश के शामली जनपद में चर्चित धर्मांतरण प्रकरण की जांच के दौरान पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान तौफीक उर्फ भोला के रूप में हुई है, जो मामले की मुख्य आरोपी चांदनी कुरैशी का फुफेरा भाई बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक निकाहनामा भी बरामद किया है, जिसकी सत्यता और कानूनी स्थिति की जांच की जा रही है।

यह मामला उस समय सामने आया था जब सदर कोतवाली क्षेत्र में मेडिकल स्टोर संचालित करने वाले देवराज मलिक ने अपने पुत्र आयुष मलिक से संबंधित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया था कि उनके बेटे को कथित रूप से दबाव और प्रभाव में लेकर धर्म परिवर्तन कराया गया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी।

पुलिस के अनुसार इससे पहले चांदनी कुरैशी और उसके पिता को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका है। अब जांच को आगे बढ़ाते हुए तौफीक उर्फ भोला को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की भूमिका की विस्तार से जांच की जा रही है और मामले से जुड़े सभी तथ्यों को एकत्र किया जा रहा है।

जांच के दौरान पुलिस को एक हस्ताक्षरित निकाहनामा भी मिला है, जिसमें आयुष मलिक और चांदनी कुरैशी के नाम दर्ज बताए जा रहे हैं। पुलिस की तकनीकी एवं जांच टीम यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दस्तावेज कब और किन परिस्थितियों में तैयार किया गया था। साथ ही यह भी जांच का विषय है कि दस्तावेज पूरी तरह वैध और प्रामाणिक है या नहीं।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले में नामजद कुछ अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। जांच एजेंसियां सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए साक्ष्य जुटाने में लगी हुई हैं।

गौरतलब है कि यह मामला फिलहाल जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है। ऐसे में किसी भी पक्ष के संबंध में अंतिम निष्कर्ष अदालत के निर्णय और जांच के निष्पक्ष परिणाम के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

(नोट: इस समाचार में उल्लिखित आरोप शिकायतकर्ता एवं पुलिस कार्रवाई पर आधारित हैं। मामले की अंतिम सच्चाई न्यायालय एवं जांच एजेंसियों के निष्कर्षों पर निर्भर करेगी।)

शामली पुलिस का साइबर सुरक्षा मिशन: रेलवे स्टेशन पर चलाया जागरूकता अभियान, लोगों को बताए ऑनलाइन ठगी से बचने के उपाय

आज के डिजिटल युग में जहां अधिकांश सेवाएं ऑनलाइन माध्यम से संचालित हो रही हैं, वहीं साइबर अपराध भी तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे समय में लोगों को जागरूक करना किसी भी कानून व्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी बन गया है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए शामली पुलिस द्वारा साइबर सुरक्षा के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष अभियान लगातार संचालित किया जा रहा है।

पुलिस अधीक्षक शामली श्री एन.पी. सिंह के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुमित शुक्ला के मार्गदर्शन में जनपद भर में साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में 12 जून 2026 को थाना आदर्शमंडी पुलिस टीम ने शामली रेलवे स्टेशन परिसर में विशेष साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।

कार्यक्रम के दौरान रेलवे स्टेशन पर मौजूद यात्रियों, स्थानीय नागरिकों और युवाओं को साइबर अपराधों के बदलते स्वरूप के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वर्तमान समय में ऑनलाइन ठगी, फिशिंग, सोशल मीडिया फ्रॉड, फर्जी निवेश योजनाएं, डिजिटल अरेस्ट, फेक कस्टमर केयर नंबर और ओटीपी धोखाधड़ी जैसी घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे अपराधों से बचने के लिए प्रत्येक नागरिक को सतर्क रहने की आवश्यकता है।

पुलिस टीम ने लोगों को समझाया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ अपने बैंक खाते की जानकारी, एटीएम कार्ड नंबर, ओटीपी, यूपीआई पिन अथवा अन्य गोपनीय जानकारी साझा न करें। इसके अलावा किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने या अनजान मोबाइल एप्लिकेशन डाउनलोड करने से बचने की सलाह दी गई।

सोशल मीडिया के बढ़ते उपयोग को देखते हुए नागरिकों को अपने अकाउंट्स की सुरक्षा मजबूत करने के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) का उपयोग करने की भी सलाह दी गई। अधिकारियों ने कहा कि साइबर अपराधी अक्सर लॉटरी, नौकरी, निवेश या सरकारी योजनाओं के नाम पर लोगों को झांसा देकर ठगी का शिकार बनाते हैं। इसलिए किसी भी आकर्षक ऑफर या अचानक आने वाली कॉल पर तुरंत भरोसा नहीं करना चाहिए।

कार्यक्रम में मौजूद लोगों को यह भी बताया गया कि यदि किसी व्यक्ति के साथ साइबर अपराध की घटना होती है तो वह बिना समय गंवाए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करे या साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराए। समय रहते शिकायत करने से धनराशि की रिकवरी और अपराधियों तक पहुंचने की संभावना बढ़ जाती है।

शामली पुलिस का यह प्रयास केवल जागरूकता तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य नागरिकों में सुरक्षित डिजिटल व्यवहार की आदत विकसित करना भी है। पुलिस अधिकारियों ने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे स्वयं जागरूक रहें और अपने परिवार, मित्रों तथा आसपास के लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति सचेत करें।

डिजिटल दुनिया में सुरक्षा केवल तकनीक से नहीं बल्कि जागरूकता से भी सुनिश्चित होती है। साइबर अपराधियों के तौर-तरीके लगातार बदल रहे हैं, इसलिए प्रत्येक नागरिक का सतर्क और जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार ही सुरक्षित भविष्य की आधारशिला बन सकता है।

शामली पुलिस द्वारा चलाया जा रहा यह विशेष साइबर जागरूकता अभियान आने वाले समय में भी निरंतर जारी रहेगा, जिससे अधिक से अधिक लोगों को साइबर अपराधों से सुरक्षित रहने की जानकारी मिल सके।

रिपोर्ट: सुरेन्द्र सिंह निर्वाल
स्थान: शामली, उत्तर प्रदेश
विशेष संवाददाता, सलाम खाकी

शामली में कथित धर्मांतरण, ब्लैकमेलिंग और धमकी के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। एफआईआर के आधार पर जांच जारी, अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमों का गठन।

शामली में कथित धर्मांतरण और ब्लैकमेलिंग मामले में दो आरोपी गिरफ्तार, पुलिस जांच जारी

शामली, उत्तर प्रदेश। जनपद शामली के मोहल्ला काजीवाड़ा से जुड़े एक कथित धर्मांतरण और ब्लैकमेलिंग प्रकरण में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार यह मामला एक युवक को प्रेम संबंधों के माध्यम से प्रभाव में लेकर उसका धर्म परिवर्तन कराने, परिवार पर दबाव बनाने तथा धमकी देने से संबंधित है।

पुलिस द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, 6 जून 2026 को दयानंद नगर निवासी देवराज मलिक ने थाना कोतवाली शामली में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि कुछ लोगों ने योजनाबद्ध तरीके से उनके पुत्र आयुष मलिक को अपने प्रभाव में लेकर धर्म परिवर्तन कराने का प्रयास किया तथा परिवार पर विभिन्न प्रकार का दबाव बनाया।

शिकायत के आधार पर थाना कोतवाली शामली में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं तथा उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म परिवर्तन प्रतिषेध अधिनियम की संबंधित धाराओं के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है।

पुलिस के अनुसार मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की गई और 7 जून 2026 को मुख्य आरोपी के रूप में नामित चांदनी कुरैशी तथा उनके पिता इस्लाम कुरैशी को गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों आरोपियों को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए प्रस्तुत किया जा रहा है।

पुलिस का क्या कहना है?

पुलिस अधीक्षक शामली एन.पी. सिंह के निर्देशन में की गई कार्रवाई के संबंध में अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। पुलिस का दावा है कि अन्य नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं और उनकी तलाश जारी है।

जांच अभी जारी

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मामले की विवेचना जारी है और जांच के दौरान प्राप्त होने वाले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही हो सकेगी।

निष्कर्ष

यह मामला फिलहाल जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है। इसलिए किसी भी पक्ष को दोषी या निर्दोष मानने से पहले न्यायालय के अंतिम निर्णय की प्रतीक्षा करना आवश्यक है। पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर और की गई कार्रवाई के आधार पर जांच आगे बढ़ रही है तथा आने वाले दिनों में मामले से जुड़े अन्य तथ्य भी सामने आ सकते हैं।


रिपोर्ट: शौकिन सिद्दीकी, ब्यूरो चीफ, शामली (उत्तर प्रदेश)
कैमरामैन: रामकुमार चौहान

सलाम खाकी
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा पंजीकृत राष्ट्रीय समाचार पत्र/पत्रिका एवं न्यूज़ पोर्टल

📞 8010884848, 9528680561

शामली पुलिस की बड़ी कार्रवाई: कथित पेट्रोलियम पदार्थ चोरी और कालाबाजारी से जुड़े 4 आरोपी गिरफ्तार, 1350 लीटर डीजल बरामद

थाना कांधला पुलिस, एसओजी, सर्विलांस टीम और जिला आपूर्ति विभाग की संयुक्त कार्रवाई

शामली।

जनपद शामली में पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम को एक महत्वपूर्ण सफलता हाथ लगी है। थाना कांधला पुलिस, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी), सर्विलांस टीम तथा जिला आपूर्ति विभाग द्वारा संयुक्त रूप से की गई कार्रवाई में पेट्रोलियम पदार्थ की कथित चोरी एवं कालाबाजारी से जुड़े एक गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार कार्रवाई के दौरान लगभग 1350 लीटर अपमिश्रित पेट्रोलियम पदार्थ (डीजल) भी बरामद किया गया।

पुलिस अधीक्षक शामली श्री एन.पी. सिंह ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि जनपद में अवैध गतिविधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत विभिन्न एजेंसियों द्वारा समन्वित रूप से कार्रवाई की गई। जांच और निगरानी के दौरान प्राप्त सूचनाओं के आधार पर संबंधित व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया तथा मौके से बड़ी मात्रा में डीजल बरामद किया गया।

लंबे समय से चल रही थी निगरानी

पुलिस अधिकारियों के अनुसार संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिलने के बाद संबंधित टीमों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही थी। इसके बाद योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए चार व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस का दावा है कि प्रारंभिक जांच में पेट्रोलियम पदार्थ की अवैध खरीद-फरोख्त और कालाबाजारी से जुड़े कुछ तथ्य सामने आए हैं, जिनकी विस्तृत जांच जारी है।

बरामद डीजल के नमूनों की जांच

अधिकारियों के अनुसार बरामद किए गए पेट्रोलियम पदार्थ के नमूने जांच के लिए संबंधित विभागों को भेजे जा रहे हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिला आपूर्ति विभाग भी मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच में जुटा हुआ है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कथित रूप से यह पेट्रोलियम पदार्थ कहां से लाया गया और इसका उपयोग किस उद्देश्य से किया जा रहा था।

संयुक्त कार्रवाई से मिली सफलता

पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई में शामिल थाना कांधला पुलिस, एसओजी टीम, सर्विलांस सेल और जिला आपूर्ति विभाग की सराहना करते हुए कहा कि विभिन्न विभागों के बेहतर समन्वय के कारण यह सफलता प्राप्त हुई है। उन्होंने कहा कि जनपद में कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

जांच जारी

पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों से पूछताछ की जा रही है तथा मामले से जुड़े अन्य संभावित पहलुओं की भी जांच की जा रही है। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।


रिपोर्ट: शौकीन सिद्दीकी, ब्यूरो चीफ
सलाम खाकी
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा पंजीकृत राष्ट्रीय समाचार पत्र/पत्रिका एवं न्यूज़ पोर्टल

मो.: 8010884848, 9528680561

टूंडला रेलवे स्टेशन पर दिखी इंसानियत की मिसाल: जान जोखिम में डालकर सिपाहियों ने बचाई यात्री की जिंदगी

उत्तर प्रदेश के जिला फिरोजाबाद की तहसील टूंडला स्थित रेलवे स्टेशन पर इंसानियत, बहादुरी और फर्ज़ के प्रति समर्पण की एक ऐसी मिसाल देखने को मिली, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रहे एक व्यक्ति का अचानक हाथ फिसल गया और वह ट्रेन व प्लेटफॉर्म के बीच खतरनाक स्थिति में फंस गया। कुछ ही सेकंड में बड़ा हादसा हो सकता था, लेकिन वहां मौजूद रेलवे पुलिस के जवानों ने अपनी सूझबूझ और साहस से एक अनमोल जिंदगी बचा ली।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के समय प्लेटफॉर्म पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। तभी ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल कृष्ण प्रताप सिंह और हजरत याकूब ने बिना अपनी जान की परवाह किए तुरंत दौड़ लगाई और गिर रहे व्यक्ति को पकड़कर सुरक्षित बाहर खींच लिया। उनकी फुर्ती और बहादुरी के कारण एक बड़ा हादसा टल गया।

इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह दोनों पुलिसकर्मी अपनी जान जोखिम में डालकर यात्री को सुरक्षित बचाते हैं। सोशल मीडिया पर लोग इन दोनों जवानों को “रियल हीरो” बताते हुए उनकी जमकर सराहना कर रहे हैं। कई लोगों ने कहा कि ऐसे पुलिसकर्मी समाज के लिए प्रेरणा हैं, जो अपने कर्तव्य को सबसे ऊपर रखते हैं।

घटना की चर्चा रेलवे विभाग तक भी पहुंची। बताया जा रहा है कि रेलवे के डीजी प्रकाश जी ने हेड कांस्टेबल कृष्ण प्रताप सिंह को सम्मानित कर उनके साहस और कर्तव्यनिष्ठा की प्रशंसा की। यह सम्मान न केवल उनके लिए बल्कि पूरे पुलिस विभाग के लिए गर्व की बात माना जा रहा है।

आज के दौर में जहां अक्सर नकारात्मक खबरें सुर्खियां बनती हैं, वहीं टूंडला रेलवे स्टेशन की यह घटना यह साबित करती है कि हमारे सुरक्षा कर्मियों में आज भी मानवता और सेवा भावना जीवित है। ऐसे साहसी जवान समाज के लिए उम्मीद और विश्वास का प्रतीक हैं।

रिपोर्ट:
साजिद अली
मंडल प्रभारी, टूंडला, जिला फिरोजाबाद (उत्तर प्रदेश)

"सलाम खाकी"
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय भारत सरकार द्वारा पंजीकृत
पुलिस विभाग को समर्पित राष्ट्रीय समाचार पत्र/पत्रिका एवं न्यूज़ पोर्टल

मोबाइल: 8010884848, 9528680561

वेबसाइट: Salam Khaki / Samjho Bharat

“ऑपरेशन सवेरा” के तहत शामली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 4 आरोपियों के पास से 514 ग्राम चरस बरामद

शामली। जनपद शामली में नशे के अवैध कारोबार पर रोक लगाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन सवेरा : नशे के अंधकार से, जीवन के उजाले की ओर” के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना आदर्श मंडी पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनके कब्जे से कुल 514 ग्राम अवैध चरस बरामद की गई।

पुलिस अधीक्षक शामली के निर्देशन में चलाए जा रहे इस अभियान के अंतर्गत 09 मई 2026 को थाना आदर्श मंडी पुलिस ने सघन जांच और निगरानी के दौरान यह कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार किए गए आरोपियों में आकाश पुत्र चन्द्रशेखर, अली पुत्र जमशैद, सोनू पुत्र ओमकार निवासी मोहल्ला रैदासपुरी कस्बा बनत तथा आरिस पुत्र नसीम निवासी मोहल्ला प्रेमनगर कस्बा बनत शामिल हैं।

पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि अवैध मादक पदार्थों की सप्लाई कहां से हो रही थी और किन लोगों तक इन्हें पहुंचाया जा रहा था।

“ऑपरेशन सवेरा” अभियान के तहत शामली पुलिस लगातार नशे के कारोबार में संलिप्त लोगों पर नजर बनाए हुए है। पुलिस का मानना है कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए ऐसे अभियानों को सख्ती और निरंतरता के साथ चलाना बेहद जरूरी है।

पुलिस अधिकारियों ने आमजन से भी सहयोग की अपील की है। उनका कहना है कि यदि किसी क्षेत्र में नशे से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

जनपद पुलिस ने दोहराया कि “नशे के अंधकार से, जीवन के उजाले की ओर” बढ़ते हुए समाज और पुलिस के संयुक्त प्रयासों से ही शामली को नशामुक्त बनाया जा सकता है।


रिपोर्ट: शौकिन सिद्दीकी, ब्यूरो चीफ, शामली (उत्तर प्रदेश)
कैमरामैन: रामकुमार चौहान

प्रकाशन:
सलाम खाकी / समझो भारत

संपर्क सूत्र:
8010884848, 9528680561

“ऑपरेशन सवेरा” के तहत शामली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, चरस तस्करी के खिलाफ अभियान तेज

शामली। जनपद शामली में नशे के अवैध कारोबार पर रोक लगाने के लिए पुलिस द्वारा चलाया जा रहा “ऑपरेशन सवेरा” अभियान लगातार प्रभावी कार्रवाई करता नजर आ रहा है। इसी क्रम में थाना कोतवाली शामली पुलिस ने एक कथित मादक पदार्थ तस्कर को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से अवैध चरस बरामद करने में सफलता हासिल की है।

पुलिस विभाग द्वारा “नशे के अंधकार से, जीवन के उजाले की ओर” थीम के तहत चलाए जा रहे इस विशेष अभियान का उद्देश्य जनपद को नशामुक्त बनाने के साथ-साथ युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाना है। अभियान के अंतर्गत पुलिस लगातार संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है और मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है।

थाना कोतवाली शामली पुलिस ने 09 मई 2026 को कार्रवाई करते हुए अनवर पुत्र लतीफ निवासी ग्राम खेड़ी कर्मू, थाना कोतवाली शामली को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार आरोपी के कब्जे से करीब 165 ग्राम अवैध चरस बरामद की गई। बरामदगी के आधार पर आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में आरोपी के नेटवर्क और अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाने के लिए फॉरवर्ड एवं बैकवर्ड लिंक की जांच की जा रही है। जांच के दौरान यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि अवैध मादक पदार्थ कहां से लाया जा रहा था और किन लोगों तक इसकी सप्लाई की जा रही थी।

शामली पुलिस ने आमजन से भी अपील की है कि यदि उन्हें अपने आसपास किसी प्रकार की नशे से जुड़ी गतिविधि की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। अधिकारियों का कहना है कि समाज और पुलिस के संयुक्त प्रयासों से ही जनपद को नशामुक्त बनाया जा सकता है।

पुलिस विभाग का मानना है कि युवाओं को नशे की लत से बचाने के लिए केवल कानूनी कार्रवाई ही नहीं, बल्कि जागरूकता भी बेहद जरूरी है। इसी उद्देश्य से “ऑपरेशन सवेरा” अभियान के तहत लगातार जनजागरूकता कार्यक्रम भी चलाए जा रहे हैं।


रिपोर्ट: शौकिन सिद्दीकी, ब्यूरो चीफ, शामली (उत्तर प्रदेश)
कैमरामैन: रामकुमार चौहान

प्रकाशन:
सलाम खाकी / समझो भारत

संपर्क सूत्र:
8010884848, 9528680561